PM Modi 26th SCO Summit 2026:
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 1 सितंबर 2026 को बिश्केक, किर्गिज़ गणराज्य में आयोजित 26वें SCO Summit में हिस्सा लिया। भारत ने Security, Connectivity और Opportunity को प्रमुख प्राथमिकताओं के रूप में रखा।
PM Modi 26th SCO Summit 2026: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 1 सितंबर 2026 को किर्गिज़ गणराज्य की राजधानी बिश्केक में आयोजित 26वें Shanghai Cooperation Organisation (SCO) Summit में हिस्सा लिया। यह Summit 31 अगस्त से 1 सितंबर 2026 तक आयोजित हुआ। भारत ने इस बैठक में Security, Connectivity और Opportunity को अपनी प्रमुख प्राथमिकताओं के रूप में सामने रखा।
26वां SCO Summit 2026 क्यों महत्वपूर्ण है?
इस वर्ष Shanghai Cooperation Organisation अपनी स्थापना की 25वीं वर्षगांठ मना रहा है। प्रधानमंत्री मोदी ने Summit को SCO के अगले 25 वर्षों के लिए सहयोग और भविष्य की दिशा तय करने का महत्वपूर्ण अवसर बताया।
SCO में भारत की भागीदारी क्षेत्रीय सुरक्षा, आर्थिक सहयोग, कनेक्टिविटी और विकास से जुड़े मुद्दों पर भारत की सक्रिय भूमिका को दर्शाती है।
PM Modi ने SCO Summit में क्या कहा?
प्रधानमंत्री मोदी ने अपने संबोधन में SCO के भीतर सहयोग को और मजबूत करने पर जोर दिया। भारत ने विशेष रूप से तीन प्रमुख क्षेत्रों को प्राथमिकता दी—
| भारत की प्राथमिकता | मुख्य फोकस |
|---|---|
| Security | क्षेत्रीय शांति, सुरक्षा और स्थिरता को मजबूत करना |
| Connectivity | क्षेत्रीय संपर्क और कनेक्टिविटी को बढ़ावा देना |
| Opportunity | व्यापार, विकास और सहयोग के नए अवसर बढ़ाना |
भारत ने SCO को अगले चरण में व्यावहारिक और परिणाम देने वाले सहयोग का मंच बनाने की दिशा में जोर दिया।
PM Modi की SCO Summit यात्रा की मुख्य जानकारी:
| विवरण | जानकारी |
|---|---|
| Summit | 26th SCO Summit |
| स्थान | बिश्केक, किर्गिज़ गणराज्य |
| तारीख | 31 अगस्त – 1 सितंबर 2026 |
| भारत का प्रतिनिधित्व | प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी |
| मुख्य प्राथमिकताएं | Security, Connectivity और Opportunity |
| विशेष अवसर | SCO की 25वीं वर्षगांठ |
SCO Summit के दौरान कई नेताओं से मुलाकात:
SCO Summit के दौरान प्रधानमंत्री मोदी ने कई देशों के नेताओं के साथ द्विपक्षीय बैठकें भी कीं। PIB के अनुसार, प्रधानमंत्री ने रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन से भी मुलाकात की। दोनों नेताओं ने द्विपक्षीय संबंधों और विभिन्न क्षेत्रों में सहयोग की समीक्षा की।
प्रधानमंत्री ने किर्गिज़ गणराज्य के राष्ट्रपति सदिर जापारोव से भी मुलाकात की। यह बैठक SCO Summit के दौरान बिश्केक में हुई।
इसके अलावा प्रधानमंत्री मोदी ने आर्मेनिया के प्रधानमंत्री निकोल पशिन्यान से भी मुलाकात की।
भारत के लिए SCO क्यों महत्वपूर्ण है?
भारत 2017 से SCO का पूर्ण सदस्य है। SCO के माध्यम से भारत मध्य एशिया और अन्य सदस्य देशों के साथ सुरक्षा, आर्थिक सहयोग, व्यापार और कनेक्टिविटी जैसे महत्वपूर्ण मुद्दों पर संवाद करता है। इस Summit में भारत ने संगठन के भविष्य के लिए व्यावहारिक सहयोग को आगे बढ़ाने पर जोर दिया।
प्रधानमंत्री मोदी का Uzbekistan दौरा भी रहा महत्वपूर्ण:
SCO Summit से पहले प्रधानमंत्री मोदी ने 29–30 अगस्त 2026 को उज्बेकिस्तान का राजकीय दौरा किया। वहां दोनों देशों के बीच व्यापार, निवेश, रक्षा, डिजिटल कनेक्टिविटी, ऊर्जा और शिक्षा सहित कई क्षेत्रों में सहयोग पर चर्चा हुई। इसके बाद प्रधानमंत्री बिश्केक पहुंचे और 26वें SCO Summit में शामिल हुए।
निष्कर्ष
PM Modi 26th SCO Summit 2026 भारत की सक्रिय विदेश नीति और क्षेत्रीय सहयोग को दर्शाने वाला महत्वपूर्ण कार्यक्रम रहा। बिश्केक में आयोजित Summit में भारत ने Security, Connectivity और Opportunity को प्राथमिकता देते हुए SCO के अगले 25 वर्षों में व्यावहारिक सहयोग बढ़ाने पर जोर दिया। Summit के दौरान प्रधानमंत्री मोदी की विभिन्न देशों के नेताओं के साथ द्विपक्षीय बैठकें भी हुईं। यह जानकारी PIB और विदेश मंत्रालय की आधिकारिक सूचनाओं पर आधारित है।
आधिकारिक स्रोत
PIB: प्रधानमंत्री की 26वें SCO Summit में भागीदारी की आधिकारिक जानकारी।
MEA: प्रधानमंत्री की Uzbekistan और Kyrgyz Republic यात्रा की आधिकारिक जानकारी।
FAQ?
26वां SCO Summit 31 अगस्त से 1 सितंबर 2026 तक बिश्केक, किर्गिज़ गणराज्य में आयोजित हुआ।
26वें SCO Summit में भारत का प्रतिनिधित्व प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने किया।
भारत ने Security, Connectivity और Opportunity को प्रमुख प्राथमिकताओं के रूप में सामने रखा।
26वां SCO Summit बिश्केक, किर्गिज़ गणराज्य में आयोजित हुआ।
2026 में SCO अपनी स्थापना की 25वीं वर्षगांठ मना रहा है। इस अवसर पर संगठन के अगले 25 वर्षों के सहयोग और भविष्य की दिशा पर चर्चा हुई।
